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शिवराज मंत्रिमंडल का विस्तार अटका, महाराज फिर नाराज

भोपाल ब्यूरो। मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की केबिनेट का विस्तार एक बार फिर अटक गया है। पहले कयास लगाए जा रहे थे कि शिवराज मंत्रिमंडल में शामिल होने वाले नए मंत्रियों को मंगलवार को शपथ दिलाई जाएगी। लेकिन सोमवार को फंसे पेंच के कारण शिवराज मंत्रिमंडल का विस्तार टलने से अब कयासों और आशंकाओं का दौर शुरू हो गया है।

इससे पहले कल मध्य प्रदेश में नंबर दो माने जाने वाले गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा को दिल्ली तलब किया गया था। बताया जा रहा है कि मंत्रिमंडल विस्तार के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा दी गई सूची को लेकर पेंच फंसा है।

ज्योतिरादित्य सिंधिया पहले से दिल्ली में मौजूद हैं और उन्हें आज भोपाल पहुंचना था लेकिन वह अभी भी दिल्ली में ही डेरा डाले हुए हैं। सूत्रों की माने तो शिवराज सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार में जिन 25 लोगों को मंत्री बनाया जाना था उनमे 9 सिंधिया समर्थक हैं जबकि सिंधिया 12 मंत्रिपद की मांग कर रहे हैं।

सूत्रों की माने तो ज्योतिरादित्य सिंधिया ने शिवराज सिंह द्वारा पार्टी आलाकमान को भेजी गई लिस्ट पर नाराज़गी जताई थी। इसके बाद उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष नेताओं को अपने इरादे बता दिए थे। यही कारण था कि सोमवार को आनन फानन में नरोत्तम मिश्रा को दिल्ली बुलाया गया।

वहीँ अभी हाल ही में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान बीजेपी के शीर्ष नेताओं से दिल्ली में मिले थे। केबिनेट विस्तार को लेकर उन्होंने केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तौमर और पार्टी अध्यक्ष जे पी नड्डा से मुलाकात की थी। इस मुलाकात के बाद तय हो गया था कि मध्य प्रदेश केबिनेट का विस्तार 30 जून को किया जाएगा।

नए मंत्रियों को शपथ दिलाने के लिए मध्य प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन का अतिरिक्त कार्यभार उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को सौंपा गया और आज उन्हें भी भोपाल पहुंचना था।

वहीँ सूत्रों की माने तो बीजेपी के कद्दावर नेताओं की अनदेखी किये बिना सिंधिया समर्थक 12 नेताओं को मंत्री बनाना संभव नहीं होगा। ऐसे में पार्टी हाईकमान ने इस मामले को सुलझाने के लिए कहा है।

रविवार से दिल्ली में डेरा जमाये बैठे मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा, गृहमंत्री अमित शाह और सिंधिया के साथ लगातार बैठकों के बाद सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी मुलाकात कर चुके हैं। वहीँ सिंधिया भी दिल्ली में ही डेरा जमाये हैं। फिलहाल देखना है कि क्या यह मामला आज शाम तक सुलझ पाटा है अथवा नहीं।

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