बड़ी खबर मनोरंजन

मानहानि के मामले में जुहू पुलिस ने कंगना को भेजा समन, 22 तारीख को पेश होने को कहा

मुंबई। मानहानि के एक मामले में जुहू पुलिस ने फिल्म अभिनेत्री कंगना रनौत को समन जारी कर 22 जनवरी को पूछताछ के लिए हाज़िर होने को कहा है। कई मामलो मे घिर चुकी कंगना रनौत अपनी बहिन रंगोली चंदेल के साथ अभी हाल ही में एक मामले में बांद्रा पुलिस स्टेशन में पूछताछ के लिए हाज़िर हुई थीं।

गौरतलब है कि प्रख्यात गीतकार जावेद अख्तर की शिकायत पर मुंबई की एक अदालत ने फिल्म अभिनेत्री कंगना रनौत के खिलाफ पुलिस जांच के आदेश दिए थे। इसी सिलसिले में मुंबई के जुहू पुलिस स्टेशन की तरफ से कंगना रनौत को पूछताछ के लिए समन भेजा गया है।

क्या है मामला:

कोर्ट में दायर की गई शिकायत में गीतकार जावेद अख्तर ने कहा था कि इस वर्ष जून में फिल्म अभिनेता सुशांत सिंह की मौत को लेकर कंगना रनौत द्वारा किये गए ट्वीट में कंगना ने एक मंडली का ज़िक्र करते हुए जावेद अख्तर का नाम भी कथित तौर पर घसीटा था।

इतना ही नहीं कंगना रनौत ने यह दावा भी किया कि जावेद अख्तर ने उन्हें अभिनेता रितिक रोशन के साथ अपने कथित रिश्ते के बारे में न बोलने को लेकर भी धमकी दी थी।

ये भी पढ़ें:  पश्चिम बंगाल में रैली की अनुमति न मिलने पर ओवैसी का ममता पर निशाना

इस मामले को लेकर जावेद अख्तर के वकील ने अदालत से कहा कि पिछले 55 सालों में अख्तर ने अपनी प्रतिष्ठा बनाई है। उन्होंने कहा कि रनौत ने टीवी और सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ निराधार टिप्पणियां कीं, जिससे उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा।

जावेद अख्तर ने कंगना के खिलाफ शिकायत में कहा था कि इस वर्ष जून में फिल्म अभिनेता सुशांत सिंह की मौत को लेकर किये गए ट्वीट में कंगना ने एक मंडली का ज़िक्र करते हुए जावेद अख्तर का नाम भी कथित तौर पर घसीटा था।

इतना ही नहीं कंगना रनौत ने यह दावा भी किया कि जावेद अख्तर ने उन्हें अभिनेता रितिक रोशन के साथ अपने कथित रिश्ते के बारे में न बोलने को लेकर भी धमकी दी थी।

इस मामले को लेकर जावेद अख्तर के वकील ने अदालत से कहा कि पिछले 55 सालों में अख्तर ने अपनी प्रतिष्ठा बनाई है। उन्होंने कहा कि रनौत ने टीवी और सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ निराधार टिप्पणियां कीं, जिससे उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा।

मजिस्ट्रेट अदालत ने जावेद अख्तर की तरफ पेश हुए वकील की दलीलें सुनने के बाद इस मामले जुहू पुलिस से मामले की जांच करने और रिपोर्ट जमा कराने के आदेश जारी किये थे।

अपनी राय कमेंट बॉक्स में दें
सत्य को ज़िंदा रखने की इस मुहिम में आपका सहयोग बेहद ज़रूरी है। आपसे मिली सहयोग राशि हमारे लिए संजीवनी का कार्य करेगी और हमे इस मार्ग पर निरंतर चलने के लिए प्रेरित करेगी। याद रखिये ! सत्य विचलित हो सकता है पराजित नहीं।
ताज़ा हिंदी समाचार और उनसे जुड़े अपडेट हासिल करने के लिए फ्री मोबाइल एप डाउनलोड करें अथवा हमें फेसबुक, ट्विटर या गूगल पर फॉलो करें