हिन्दू महासभा का कमरा सील, हटाई गयी गोडसे की मूर्ति

ग्वालियर। हिन्दू महासभा द्वारा अपने कार्यालय में महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे की मूर्ति लगाने के बाद मचे बवाल को देखते हुए पुलिस और अधिकारीयों ने हिन्दू महासभा के कार्यालय से नाथूराम गोडसे की मूर्ति को अपने कब्ज़े में ले लिया है।

इतना ही नहीं उस कमरे को भी सील कर दिया गया है जिसमे नाथूराम गोडसे की प्रतिमा लगायी गयी थी।

बता दें कि ग्वालियर में हिन्दू महासभा ने अपने कार्यालय के एक कमरे में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे की मूर्ति की स्थापना की थी। मामला प्रकाश में आने के बाद चौतरफा घिरी मध्य प्रदेश सरकार को आखिरकार इस पर कार्रवाही के आदेश देने पड़े।

जिला कलेक्टर के आदेश पर पुलिस ने कार्रवाही करते हुए मूर्ति को अपने कब्ज़े में लिया है। पुलिस के अनुसार हिन्दू महासभा के दफ्तर में उस कमरे को भी सील कर दिया जिसमें गोडसे की मूर्ति लगी थी।

इससे पहले हिन्दू महासभा की ग्वालियर जिला इकाई ने प्रशासन से नाथूराम गोडसे का मंदिर बनाने की आज्ञा और जमीन आवंटित करने की मांगी की थी। प्रशासन ने जमीन देने से इनकार कर दिया था। जिसके बाद हिन्दू महासभा ने अपने कार्यालय में ही गोडसे की मूर्ति स्थापित कर गोडसे का मंदिर बनाने का दावा किया था।

इतना ही नहीं हिन्दू महासभा नेताओं ने धमकी दी थी कि यदि गोडसे की मूर्ति हटाई गयी तो देशभर में महात्मा गांधी की एक भी मूर्ति नहीं बचेगी। हिन्दू महासभा नेताओं ने मीडिया से बातचीत में नाथूराम गोडसे को निर्दोष बताया वहीं भारत- पाकिस्तान बंटवारे के लिए महात्मा गांधी को दोषी ठहराया था।

इस घटना को लेकर मध्य प्रदेश की राजनीति गरमा गयी थी। कांग्रेस ने इस मामले को उठाते हुए राज्यभर में आंदोलन छेड़ने का एलान किया था। वहीँ हिन्दू महासभा इसे नाथूराम गोडसे का मंदिर कह रही थी।

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