2002 गुलबर्ग सोसायटी नरसंहार का आरोपी आशीष पांडे 16 साल बाद गिरफ्तार

अहमदाबाद। वर्ष 2002 में गुजरात दंगो के दौरान अहमदाबाद की गुलबर्ग सोसायटी में हुए नरंसहार में आरोप आशीष पांडे को घटना के 16 वर्ष बाद गिफ्तार किया गया है। इस मामले में आरोपी आशीष पांडे वर्ष 2002 से फरार चल रहा था। पुलिस ने उसे अहमदाबाद के असलाली इलाके से गिफ्तार किया।

गौरतलब है कि वर्ष 2002 में 28 फरवरी के दिन भीड़ की शक्ल में शहर की मुस्लिम बाहुल्य गुलबर्ग सोसायटी पर हमला बोला था। इस नरसंहार में कथित हमलावरों ने 69 लोगों की जान ले ली थी। इसमें पूर्व सांसद अहसान जाफरी भी शामिल थे।

देश में नरसंहार की यह पहली ऐसी बड़ी घटना थी जिसमे इतनी तादाद में लोगों को मौत के घाट उतार दिया गया। घटना के दौरान पुलिस का मौके पर न पहुंचना अपने आप में एक बड़ा सवालिया निशान था।

आरोपी आशीष पांडे से पूछताछ में पता चला है कि वह घटना के बाद फरार हो गया था। पुलिस के अनुसार आरोपी 16 वर्षो के दौरान हरिद्वार और वापी सहित कई शहरों में रहा। इसके अलावा वो परिवहन के धंधे से भी जुड़ा रहा।

पांडे को कल यानी गुरुवार को एक अदालत में पेश किया जाएगा। बता दें कि एक विशेष अदालत ने गुलबर्ग मामले में जून 2016 में 24 लोगों को दोषी ठहराया था और उनमें से 11 को उम्र कैद की सजा सुनाई थी। वहीं, 36 अन्य को बरी कर दिया था। पांडे की गिरफ्तारी के बाद अब भी चार और आरोपी फरार हैं।

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