वित्त मंत्री के इस तर्क पर सोशल मीडिया यूजर्स ने लगाए ठहाके

नई दिल्ली। ऑटो सेक्टर में आयी भारी मंदी के लिए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा टेक्सी सर्विस ओला और उबर को ज़िम्मेदार ठहराए जाने के बाद सोशल मीडिया पर यूजर्स ने तरह तरह की प्रतिक्रियाएं दी हैं।

सोशल मीडिया पर यूजर्स ने सवाल दागा कि यदि ओला और उबर के आने से कारो की विक्री घट गयी है तो ट्रको, मिनी ट्रको और बाइको की बिक्री किस कारण से घटी है।

गौरतलब है कि वित्त मंत्री ने मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल के 100 दिन पूरे होने के उपलक्ष्य पर चेन्नई में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में ऑटो सेक्टर की गिरावट के लिए लोगों के माइंडसेट में बदलाव और बीएस-6 मॉडल को जिम्मेदार ठहराया। वित्त मंत्री ने कहा कि ऑटोमोबाइल सेक्टर की हालत के लिए कई फैक्टर जिम्मेदार हैं, जिनमें बीएस-6 मूवमेंट, रजिस्ट्रेशन फी से संबंधित मामले और लोगों का माइंडसेट शामिल है।

चेन्नई में निर्मला सीतारमण ने कहा कि आजकल लोग गाड़ी खरीदकर EMI भरने से ज्यादा ओला-उबर से चलना पसंद करते हैं। हालांकि उन्होंने माना कि ऑटो सेक्टर बुरे दौर से गुजर रहा है और इसका जल्द हल निकलना चाहिए।

उन्होंने कहा कि सरकार ने इसका हल निकालने के लिए अगस्त और सितंबर में दो बड़े ऐलान किए, और भविष्य में जरूरत पड़ने पर और भी घोषणाएं की जाएंगी।

अशोक लेलैंड ने 5 फैक्ट्रियों में नो-वर्किंग डे का किया ऐलान:

हिंदुजा समूह की प्रमुख कंपनी अशोक लेलैंड ने कमजोर मांग के बीच अपने कई फैक्ट्रियों में सितंबर में कुछ दिन उत्पादन बंद करने की घोषणा की है। कंपनी ने बंबई शेयर बाजार को भेजी सूचना में यह जानकारी दी।

चेन्नई की कंपनी ने जहां अपने एन्नोर कारखाने में 16 दिन कामकाज बंद करने की घोषणा की है। इसी तरह होसुर (तमिलनाडु) इकाई में पांच दिन, अलवर (राजस्थान) में 10 दिन, महाराष्ट्र के भंडारा कारखाने में 10 दिन और उत्तराखंड की पंतनगर इकाई में 18 दिन कामकाज बंद रखने का फैसला किया है।

वाहन क्षेत्र में सुस्ती के बीच कई विनिर्माताओं तथा कलपुर्जा आपूर्तिकर्ताओं ने अपने उत्पादन में कटौती की है और अस्थायी रूप से संयंत्र को भी कुछ दिन के लिए बंद किया है।

इससे पिछले महीने चेन्नई की टीवीएस ग्रुप, कलपुर्जा विनिर्माता सुंदरम क्लेटन, मारुति सुजुकी और दोपहिया कंपनी हीरो मोटोकॉर्प ने बाजार मांग के अनुरूप अपने कारखानों में उत्पादन रोका है। टाटा मोटर्स और महिंद्रा एंड महिंद्रा ने भी कहा है कि वे बाजार मांग के अनुरूप उत्पादन को समायोजित करने के लिए विनिर्माण कार्य को निलंबित कर रहे हैं।

ऑटोमोबाइल बिक्री ने पिछले महीने सबसे बड़ी गिरावट दर्ज की गई । यात्री वाहनों और दोपहिया और वाणिज्यिक वाहनों सहित श्रेणियों में वाहनों की बिक्री पिछले महीने अगस्त 2018 में 23,82,436 इकाइयों की तुलना में 18,21,490 इकाई रही, जो 23.55 प्रतिशत की गिरावट थी। अशोक लीलैंड के शेयर सोमवार को बीएसई पर 1.56 प्रतिशत गिरकर 62.9 रुपये पर बंद हुए।

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