राम मंदिर: समझौते के लिए बुलाई गयी बैठक असफल, वसीम रिज़वी की मौजूदगी पर नराज़गी 

लखनऊ। राम मंदिर विवाद को आपसी सहमति से सुलझाने के लिए बुलाई गयी संतो और बाबरी मस्जिद पक्षकारो की बैठक में शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी की मौजूदगी को लेकर बाबरी मस्जिद में पक्षकार इकबाल अंसारी बैठक को छोड़कर चले गए। बाद में बैठक बेनतीजा ख़त्म हो गयी।

बाबरी मस्जिद में पक्षकार इकबाल अंसारी ने कहा कि यह मामला संतो और बाबरी मस्जिद पक्षकारो के बीच का है। इसमें शिया वक्क बोर्ड का कोई लेना देना नही है। इसमें बातचीत राम मंदिर के पक्षकारो के साथ होगी। इस बैठक में शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिज़वी की मौजूदगी का कोई मतलब नही है।

इक़बाल अंसारी ने कहा कि वे अब वे ऐसी किसी भी बैठक में भाग नहीं लेंगें। इसके बाद वे बैठक का बहिष्कार कर चले गए और बैठक बेनतीजा ख़त्म करनी पड़ी।

गौरतलब है कि शिया वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष वसीम रिजवी ने बैठक में फार्मूला दिया कि मुस्लिम अब अयोध्या में कोई नई मस्जिद का निर्माण नहीं चाहता है। वसीम रिज़वी ने कहा कि अयोध्या मंदिरों का शहर है और यहां किसी प्रकार की नई मस्जिद की जरुरत नहीं है।

वासिम रिज़वी ने कहा था कि मस्जिद फैजाबाद व अयोध्या के बाहर ही बननी चाहिए। उनका कहना था कि जो लोग इस बात का विरोध करते हैं वो देशद्रोही हैं। उनका कहना था कि सुन्नी वक़्फ़ बोर्ड अगर इस फैसले पर सहमति देता है तो स्वागत है वरना हमें उनकी जरूरत नहीं है।

 

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