राम मंदिर निर्माण पर पीएम मोदी के बयान के बाद उमा भारती का यूटर्न

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए एक इंटरव्यू में राम मंदिर निर्माण के लिए अध्यादेश न लाने और सुप्रीमकोर्ट के फैसले का इंतज़ार करने की बात कहे जाने के बाद केंद्रीय मंत्री उमा भारती के सुर बदल गए हैं।

उमा भारती ने अभी हाल ही में कहा था कि पीएम मोदी और सीएम योगी आदित्यनाथ के रहते यदि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण नहीं हुआ तो लोगों को धक्का लगेगा लेकिन पीएम मोदी के बयान के बाद अब उमा भारती ने अपने सुर बदलते हुए पीएम के बयान से सहमति जताई है।

अब उमा भारती ने ट्वीट कर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक व्यापक साक्षात्कार दिया है जिसमें राम मंदिर का मुद्दा भी है। सभी राम भक्तों को इससे सहमत होना चाहिए।

उन्होंने कहा कि मोदी की टिप्पणी मंदिर निर्माण के मार्ग में रोड़ा नहीं अटकाती है, क्योंकि विभिन्न समूहों से बातचीत के जरिये मंदिर निर्माण का विकल्प खुला है। भारती ने राहुल गांधी, मायावती, ममता बनर्जी जैसे विपक्षी नेताओं से अपील की है कि वे मंदिर निर्माण के लिए सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की मदद करें।

मंदिर का निर्माण कठिन होने के साथ-साथ सरल है। अगर सभी राजनीतिक पार्टियां इस पर उसी तरह से सहमत हो जाये जैसे सोमनाथ मंदिर के निर्माण के लिए हुई थी, तो इससे अच्छा कुछ नहीं हो सकता है। अगर मामले को अनसुलझा छोड़ दिया जाये तो सिर्फ राम ही जानते हैं कि इसका (मामले का) समापन कैसे होगा।

गौरतलब है कि इससे पहले केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने अगला लोकसभा चुनाव लड़ने से इंकार करते हुए कहा था कि वह अब पूरा ध्यान राम मंदिर निर्माण और गंगा की सफाई पर केंद्रित करेंगी।

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