भाजपा सांसद साक्षी महाराज नाइट क्लब का उद्घाटन कर विवादों में घिरे

लखनऊ। उन्नाव के भाजपा सांसद साक्षी महाराज एक बार फिर विवादों में घिर गए हैं। इस हिंदूवादी नेता की नाइट क्लब की उद्घाटन करने की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल होते ही आलोचनाओं का दौर शुरू हो गया।

हालांकि साक्षी महाराज ने कहा कि उन्हें रविवार की रात झांसे में लेकर इस जगह ले जाया गया जिससे उनकी छवि को नुकसान हुआ है। सांसद ने मामले की जांच की मांग करते हुए कहा कि पुलिस को दोषी के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए। दूसरी ओर, सपा ने कहा कि भाजपा नेताओं को इस बात की कोई जानकारी ही नहीं है कि वे क्या कर रहे हैं।

इस कार्यक्रम में 62 वर्षीय सांसद की भगवान गणेश की मूर्ति लेते तस्वीर सोशल मीडिया पर चल रही है। टीवी चैनल भी आयोजन के विजुअल चला रहे हैं। साक्षी महाराज के प्रतिनिधि अशोक कटियार ने कहा कि सांसद को एक वरिष्ठ भाजपा नेता झांसा देकर वहां ले गया।

कटियार ने बताया कि सांसद को दिल्ली जाना था पर पार्टी का एक वरिष्ठ पदाधिकारी उन्हें यह कहकर आयोजन में ले गया कि यह उसके नजदीकी रिश्तेदार द्वारा आयोजित किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि जब साक्षी महाराज वहां पहुंचे तब भी उन्हें यह नहीं बताया गया कि उन्हें किसी चीज का उद्घाटन करना है। कटियार के अनुसार अचानक उन्हें उद्घाटन के लिए कहा गया। उन्होंने आशंका जताइ कि इसके पीछे कोई षडयंत्र भी हो सकता है।

कटियार ने कहा कि 2019 का चुनाव काफी नजदीक आ गए हैं। सांसदों को कई कार्यक्रमों में जाना पड़ता है और हर बार किसी के बारे में पूरी जानकारी हासिल करना अच्छा नहीं लगता है।

नाइट क्लब के मालिक सुमित सिंह ने बताया कि यह एक रेस्टोरेंट है जहां शुद्ध शाकाहारी भोजना परोसा जाता है। जब उनसे पूछा गया कि क्या यह नाइट क्लब है तो उन्होंने कहा कि आमंत्रण पत्र पर टाइपिंग की गलती से ऐसा छप गया। उन्होंने यह भी कहा रेस्टोरेंट में शराब नहीं परोसी जाती है।

इस घटना पर चुटकी लेते हुए समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता घनश्याम तिवारी ने कहा कि इस बात से यह साफ हो गया कि भाजपा सरकार और उसके नेताओं को इस बात का कोई ध्यान नहीं है कि वे क्या कर रहे हैं।

उऩ्नाव के ही एक अन्य नेता और बांगरमऊ के भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर बलात्कार के आरोप में सीबीआई द्वारा गिरफ्तार किए गए हैँ। उन पर देरी से कार्रवाई किए जाने के कारण राज्य सरकार आलोचनाओं के घेरे में है।

साक्षी महाराज का विवादों से पुराना नाता रहा है। इससे पहले उन्होंने हिंदू महिलाओं को चार बच्चे पैदा करने चाहिए संबंधी बयान देकर विवाद खड़ा किया था। विपक्षी दलों ने यह कहते हुए उनके बयान की आलोचना की थी कि भाजपा सांसद समाज का ध्रुवीकरण करने का प्रयास कर रहे हैं। इसके अलावा महात्मा गांधी के हत्यारे नाथुराम गोड्से को देशभक्त कह कर भी उन्होंने हंगामा खड़ा कर दिया था। बाद में पार्टी के दबाव में उन्होंने संसद में माफी मांग ली थी।

पिछले साल इसी तरह की घटना योगी आदित्यनाथ सरकार में मंत्री स्वाती सिंह के साथ हुई थी। वह लखनऊ में एक बीयर बार का उद्घाटन कर चर्चा में आईं थी।

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