देश में अघोषित आपातकाल जैसे हालात, लोकतांत्रिक संस्थाएं खतरे में : शरद यादव

नई दिल्ली। जदयू के बागी नेता और पूर्व सांसद शरद यादव ने देश के मौजूदा हालातो को आपातकाल की संज्ञा दी है। मीडिया से बात करते हुए शरद यादव ने कहा कि इस समय देश में अघोषित आपातकाल जैसे हालत हैं।

शरद यादव ने कहा कि देश की लोकतांत्रिक संस्थाएं खतरे में हैं तथा संविधान को कमजोर करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि देश मुश्किल समय से गुजर रहा है। देश में अघोषित आपातकाल की स्थिति है। इस आपातकाल और चार दशक पहले लगे आपातकाल के बीच एकमात्र अंतर यह है कि वह प्रत्यक्ष था और तब हमने संघर्ष किया था।

शरद यादव ने कहा कि देश के अल्पसंख्यको पर लव जिहाद और गौरक्षा के नाम पर हमले हो रहे हैं। उन्होंने भाजपा की नीतियों को घातक बताया और कहा कि यह लोगों का जीवन मुश्किल बना दिया है।

शरद यादव ने कहा कि उन लोगों (भाजपा) ने विदेशों में जमा काला धन वापस लाने का वादा किया था। लोगों को वादा किया गया कि उनके बैंक खातों में 15 लाख रूपये आएंगे।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी एक सक्षम नेता हैं जो किसी भी महागठबंधन का नेतृत्व कर सकते हैं, जिसका भविष्य में गठन होगा। उन्होंने बिहार की राजनीति पर कहा कि उन्होंने (मुख्यमंत्री नीतीश कुमार नीत धड़ा ने) भाजपा से हाथ मिला कर 11 करोड़ लोगों के जनादेश का अपमान किया।

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