केंद्रीय मंत्री ने स्वीकारा: बच्चो के यौन उत्पीड़न के सबसे ज़्यादा मामले यूपी में

नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने शुक्रवार को लोकसभा में स्वीकार किया कि बच्चो के यौन उत्पीड़न के सबसे ज़्यादा मामले उत्तर प्रदेश में होते हैं। एक सवाल के जवाब में महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने कहा कि 2015 में 2014 से 0.2 प्रतिशत और 2016 में 4.4 प्रतिशत मामलों की बढ़ोत्तरी हुई।

स्मृति ईरानी ने बताया कि 2014, 2015 और 2016 में क्रमशः 7731, 10776 और 11121 पॉक्सो एक्ट के मामलों का निस्तारण हुआ। उत्तर प्रदेश में 2014 में 8009, 2015 में 4541 और 2016 में 4954 केस दर्ज हुए।

वहीं दूसरे नंबर पर मध्य प्रदेश हैं। जहां 2014 में 4995, 2015 में 4624 और 2016 में 4717 केस दर्ज हुए। अपराध के मामले में तीसरे स्थान पर महाराष्ट्र है। यहां 2014 में 3926, 2015 में 4816 और 2016 में 4815 मामले दर्ज हुए।

बच्चो के खिलाफ अपराध के मामले में छत्तीसगढ़ चौथे नंबर पर है। छत्तीसगढ़ में 2014 में 1684, 2015 में 1656 और 2016 में 1570 बच्चों के खिलाफ अपराध की घटनाएं हुईं। इसी तरह केरल पांचवें स्थान पर है। 2014 में केरल में 1392, 2015 में 1486 और 2016 में 1848 केस सामने आए।

बच्चो के प्रति अपराध के मामले में बिहार को लेकर चौकाने वाले आंकड़े सामने आये हैं। बिहार में अन्य राज्यों की तुलना में बेहद कम मामले दर्ज हुए हैं। बिहार में 2014, 2015 और 2016 में क्रमशः 191, 187 और 233 मामले ही सामने आए।

गौरतलब है कि हाल ही में उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों में बच्चो के यौन उत्पीड़न से जुड़े अपराधों में यकायक बढ़ोत्तरी हुई है। उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में बच्चो के प्रति अपराध की कई घटनाएं सामने आयी हैं।

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